हर्निया सुनकर लोग घबरा जाते हैं — पर आज की लेप्रोस्कोपिक सर्जरी से यह बिल्कुल सरल है। छोटे छेद, कोई बड़ा निशान नहीं, 1 हफ्ते में काम पर वापस।
👆 इनमें से कोई भी लक्षण है — आज ही जांच करवाएं
हमारी टीम 2 घंटे के अंदर आपको कॉल करेगी।
ज़्यादा तकलीफ हो तो अभी कॉल करें:
हर्निया शरीर में अलग-अलग जगह हो सकता है — पर सभी का इलाज लेप्रोस्कोपिक सर्जरी से होता है।
हर्निया के लक्षण धीरे-धीरे बढ़ते हैं — शुरुआत में हल्के होते हैं पर समय के साथ गंभीर हो जाते हैं।
पूरा दिन कैसा जाएगा — एक-एक कदम जानें। कोई डर नहीं।
| तुलना | ✅ लेप्रोस्कोपिक (नई) | ओपन सर्जरी (पुरानी) |
|---|---|---|
| कट का आकार | 3 × 5mm छेद | 5-10cm का बड़ा कट |
| सर्जरी का समय | 30-45 मिनट | 60-90 मिनट |
| दर्द | बहुत कम | ज़्यादा |
| हॉस्पिटल में दिन | 1 रात | 3-5 दिन |
| काम पर वापस | 1 हफ्ते में | 3-4 हफ्ते |
| दोबारा होना | बहुत कम संभावना | थोड़ी ज़्यादा |
| आयुष्मान में | ✅ PMJAY कवर | ✅ PMJAY कवर |
"अभी दर्द नहीं है तो ठीक है" — यह सोच खतरनाक है।
पैसों की वजह से हर्निया मत बढ़ने दें — आयुष्मान भारत कार्ड से कवरेज की संभावना है, पात्रता जांच के बाद पता चलता है।
सामान्यतः ₹30,000–₹60,000 लगती है — पात्र मरीज़ों के लिए सर्जरी, हॉस्पिटल, एनेस्थीसिया, Mesh, दवाइयों की सटीक कवरेज पात्रता जांच के बाद बताई जाती है।
| क्या होगा | सामान्य खर्च | आयुष्मान भारत |
|---|---|---|
| लेप्रोस्कोपिक हर्निया सर्जरी + Mesh | ₹30,000–₹60,000 | ✅ PMJAY कवर |
| ओपन हर्निया सर्जरी | ₹15,000–₹35,000 | ✅ PMJAY कवर |
| हॉस्पिटल में रहना (1-2 दिन) | ₹3,000–₹6,000/दिन | ✅ शामिल |
| एनेस्थीसिया + OT | ₹8,000–₹15,000 | ✅ शामिल |
| Mesh (जाली) | ₹3,000–₹8,000 | ✅ शामिल |
सटीक बिलिंग पात्रता जांच और परामर्श में स्पष्ट रूप से बताई जाती है — यह गारंटीड कोटेशन नहीं है।
जो हर्निया से डरते थे — वो 1 हफ्ते में काम पर वापस आ गए।
"2 साल से जांघ में उभार था — डर की वजह से ऑपरेशन नहीं करवाया। डॉ. रंजन से मिला — उन्होंने समझाया कि लेप्रोस्कोपिक में कुछ नहीं होता। 30 मिनट में हो गया। अगले दिन घर था। 1 हफ्ते में दुकान खोल ली। आयुष्मान से कवरेज पहले ही साफ समझा दी गई थी।"
"मेरी माँ को नाभि के पास हर्निया था। हम बहुत डरे हुए थे — उनकी उम्र 62 साल थी। डॉक्टर ने बताया बिल्कुल ठीक रहेगा। सर्जरी 35 मिनट में हुई। 2 दिन हॉस्पिटल, तीसरे दिन घर। अब पूरी तरह ठीक हैं। बहुत शुक्रिया।"
"रात को अचानक हर्निया फँस गई — तेज़ दर्द और उल्टी शुरू हो गई। इमरजेंसी में सत्यदेव हॉस्पिटल लेकर गए — रात 2 बजे ऑपरेशन हुआ। जान बच गई। स्टाफ ने रात भर ध्यान रखा। 24×7 सेवा सच में है।"
हर्निया जितना डरावना लगता है उतना है नहीं — आधुनिक सर्जरी से 30 मिनट में इलाज, 1 हफ्ते में सामान्य जीवन।